सोमवार, 15 नवंबर 2010

मालिनी गौतम की ग़ज़लें - बूढ़ों को भी बच्चों जैसा चंदा हेतु मचलते देखा

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गज़ल

इक पल रोना इक पल गाना, अजब तमाशा जीवन का
नई सुबह का नया फसाना अजब तमाशा जीवन का

फूलों के दिन बिसर गये, लो कैक्टस के दिन आये हैं
काँटों से भी चमन सजाना अजब तमाशा जीवन का

नेताजी फिर दर्शन देंगें, पाँच बरस जो बीत गये
वादा करके उसे भुलाना अजब तमाशा जीवन का

गरमी में तो ओले गिरते, लेकिन बारिश सूखी है
बिन मौसम के आना-जाना अजब तमाशा जीवन का

पूरब के आदर्श कहाँ हैं, पश्चिम का है जोर बढ़ा
उलझ गया सब ताना-बाना अजब तमाशा जीवन का

कहीं मचलती है तरुणाई, कहीं बिलखते हैं तन-मन
भूखा बचपन माँगे खाना, अजब तमाशा जीवन का

आकाओं की डुगडुग पर, सब नाच रहे सौदाई हैं
भेस नया पर खेल पुराना, अजब तमाशा जीवन का



गज़ल



बासंती कुछ सपने हैं इन शरमीली आँखों में
आशाओं के दीप जले इन चमकीली आँखों में

भाई-भाई को काटे, क्या हिन्दू क्या मुस्लिम है
खंजर और तलवारे हैं इन ज़हरीली आँखों में

संबंधों पर गाज़ गिरी, पैसा ही सर्वस्व हुआ
दो और दो का अंकगणित इन भड़कीली आँखों में

वृद्धाश्रम आबाद हुए, बोझ बने हैं माँ-बापू
सूनी बंजर सी रातें इन पथरीली आँखों में

सरहद पर है युद्ध विराम,लौट रहे घर वीर-जवान
पिया मिलन की आस जगी सुर्ख नशीली आँखों में




गज़ल


सूरज आग उगलते देखा
अहंकार को गलते देखा

तीसमारखाँ बनते थे जो
हाथ उन्हें भी मलते देखा

दिन भर की ताजा खबरों को
रद्दी बनकर जलते देखा

बैसाखी पर जो चलते थे
गिरकर उन्हें सँभलते देखा

नैतिकता के पुतलों को भी
पल-पल रंग बदलते देखा

सिक्का खरा चलन के बाहर
खोटा सिक्का चलते देखा

बूढ़ों को भी बच्चों जैसा
चंदा हेतु मचलते देखा


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डॉ मालिनी गौतम
मंगलज्योत सोसाइटी
संतरामपुर-३८९२६०
गुजरात

8 blogger-facebook:

  1. शानदार ग़ज़लें..........

    एक सुखद एहसास हुआ बाँच कर......प्रकाशन के लिए शुक्रिया !

    उत्तर देंहटाएं
  2. नैतिकता के पुतलों को भी '
    पल पल रंग बदलते देखा। अच्छे गज़लियात , बधाई।

    उत्तर देंहटाएं
  3. बेनामी10:24 am

    सुन्दर, अति सुन्दर | लिखते रहे इसी तरह .......

    उत्तर देंहटाएं
  4. bahut sundar aur prabhavshali rachna hai.in sundar gajlon ke liye sadhuvad

    उत्तर देंहटाएं
  5. बेनामी12:31 pm

    nahin achhi lageen. ek si, aur dusaron se koi alag nahin, koi khasiyat nahin. umeed achhi rachnaon ki thi...

    उत्तर देंहटाएं
  6. बेहतरीन पञ्च !
    खूबसूरत बुनावट...

    उत्तर देंहटाएं

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