गुरुवार, 20 फ़रवरी 2014

प्रमोद यादव की श्वेत श्याम फ़ोटोग्राफ़ी - नारायणपुर मंडई

नारायणपुर मंडई - श्वेत-श्याम चित्रों में / प्रमोद यादव

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14 blogger-facebook:

  1. नैसर्गिक तस्वीर ........

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  2. यह काफी पुरानी तस्वीर है,.. अब इस तरह के दृश्य बस्तर में नहीं दिखते... शिक्षा के विस्तार और समय के साथ बस्तरवासी भी अन्य क्षेत्रों के लोगों की तरह वस्त्र पहनने लगे हैं...
    यह दुखद है कि नारी तन को दिखाने के बहाने लोग अपनी मानसिक गंदगी को दिखाते रहते हैं...

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    1. सही कहा है सुशील ...क्या तकनीक इन्हीं फ़ोटोज़ में दिखती है ...अन्य जानवरों आदि के में नहीं .. यह सब सनसनी के लिए ही करते हैं लोग....चाहे कुछ भी कहते फिरें....आखिर इन तस्वीरों में क्या ख़ास तकनीक है .... टीका-टिप्पणी करने वाले विरले ही होते हैं ...अधिकाँश तो धरा में बहते हैं ...हमें क्या के भाव से...

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  3. श्री सिंहजी..आपका शुक्रिया..
    श्री सुशीलजी,आपने ठीक कहा. तस्वीर पुरानी है..पर इसको दिखाने का उद्देश्य 'नारी-तन' नहीं अपितु केवल फोटोग्राफिक दृष्टि की उत्तमता से है...प्रतिक्रिया के लिए धन्यवाद...प्रमोद यादव

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  4. काफ़ी परिश्रम से आपने इन छायाचित्रों को अपने कैमरे में कैद किया है.तस्वीरों में कैद महिलाएँ अपने मूल रुप में हैं. इनमें कहीं भी बनावट अथवा फ़ोटॊ में कैद होने की अभिला‍षा उनमें दिखाई नहीं देती जैसे कि आज के तथाकथित सभ्यता का आवरण ओढे लोगों में दिखाई देता है.आपको साधुवाद

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  5. आपका प्रयास सराहनीय है आपको साधुवाद |

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  6. अखिलेश चन्द्र श्रीवास्तव11:45 am

    छायांकन नैसर्गिक और बेमिसाल हैं इन्हें देखने और परखने के लिये वैसी समझ और विषय की जानकारी होनी चाहिये जो सबमें नहीं हो सकती इस सुंदर प्रस्तुति के लिये बधाई और शुभ कामनाएं प्रमोद जी आपतो
    बहुमुखी प्रतिभा संपन्न हैं भगवान आपको दीर्घायु करें

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  7. श्री गोवार्धंजी..आपने ठीक कहा- मैंने परिश्रम किया था..एक मैगजीन के लिए आदरणीय श्री राम अधीर जी के साथ नारायणपुर गया था..यह तस्वीरें कई बड़ी-बड़ी पत्रिकाओं में छप चुकी है..पर किसी ने भी इसमें 'नंगापन' की कोई बात नहीं कही..मैंने तो इन तस्वीरों को ''लाइफ-साइज' बनाकर कई प्रदर्शनिओ में भी प्रदर्शित की है..इन तस्वीरों ने मुझे हमेशा 'सराहना' ही दी है..

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  8. श्री अनिल जी..शुक्रिया...
    श्री श्रीवास्तवजी..आपका तो हमेशा शुक्रगुजार रहूँगा..हौसला अफजाई करना तो कोई आपसे सीखे..इस दया और दुआ के लिए धन्यवाद..आपका - प्रमोद यादव

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  9. श्री गोवर्धन जी, ये तस्वीरें मैंने एक मैगजीन के लिए आदरणीय श्री राम अधीर जी के साथ जाकर ली थी..बड़ी-बड़ी पत्रिकाओं में छपी..मैंने इसके लाइफ साइज बनाकर प्रदर्शनियों में लगाये..कभी कोई टीका-टिपण्णी नहीं हुई..बल्कि हमेशा मुझे सराहना दिलाई..आपने पसंद की..शुक्रिया..प्रमोद यादव

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  10. श्री अखिलेश जी, हमेशा की तरह फिर आपने हौसला आफजाई की है..शुक्रिया...आप जैसे इन्हें परखते हैं..काश..दूसरे भी परख पते..पुनः आपका धन्यवाद ...प्रमोद यादव

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  11. श्री अनिल जी, सराहने का शुक्रिया..आपका- प्रमोद यादव

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  12. Sri Kalam ji, Thanks for the comment...yours-pramod yadav

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