निर्मल गुप्त का कविता पाठ - लोग अस्पताल जा रहे हैं...

--- विज्ञापन ---

----------- *** -----------

फ़ोन करें, रचनापाठ प्रकाशित करें के अंतर्गत निर्मल गुप्त का एक और कविता पाठ. आप भी अपनी कोई रचना फ़ोन पर पाठ कर इसी तरह प्रकाशित कर सकते हैं.

अधिक जानकारी के लिए यह पन्ना देखें.

--- विज्ञापन ---

----------- *** -----------

_____________________________________

0 टिप्पणी "निर्मल गुप्त का कविता पाठ - लोग अस्पताल जा रहे हैं..."

एक टिप्पणी भेजें

रचनाओं पर आपकी बेबाक समीक्षा व अमूल्य टिप्पणियों के लिए आपका हार्दिक धन्यवाद.

स्पैम टिप्पणियों (वायरस डाउनलोडर युक्त कड़ियों वाले) की रोकथाम हेतु टिप्पणियों का मॉडरेशन लागू है. अतः आपकी टिप्पणियों को यहाँ प्रकट होने में कुछ समय लग सकता है.