मनोज मोक्षेन्द्र की कहानी - प्रेम पचीसी का सस्वर पाठ

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1 टिप्पणी "मनोज मोक्षेन्द्र की कहानी - प्रेम पचीसी का सस्वर पाठ"

  1. बहुत-बहुत मर्मस्पर्शीय कहानी है। इसमें प्रेम के अनछुए पक्षों और इसके नकारात्मक परिणामों पर गहराई से चिंतन किया गया है। कहानी दिलचस्प होने के साथ-साथ, मन को झकझोरने वाली है। मोक्षेंद्र की कहानियाँ सचमुच आकर्षक होती हैं।

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