गुरुवार, 22 दिसंबर 2016

सीमा असीम की 4 कविताएँ



ओ आसमां
जब धरा तुझे लगाती है आवाज
क्या उसकी आवाज़ तुझ तक नहीं पहुँचती
धरा की एक एक धडकन तेरा ही नाम लेती है
क्या तेरा एक बार भी दिल नहीं धडकता
उसकी आँखों से बहते हैं बिरह में प्रेम अश्रु
क्या तेरी एक बार भी आँख नम नहीं होती
ओ आसमां तू सच बताना
क्या तेरा प्यार झूठा था
दिखावा था
आज बस इतना सा सच बता दे
हाँ अपनी धरा को सच बता दे !!




सो जाएँ रातें

सो जाएँ रातें
सपनें जागते रहे
मुस्कुराएँ प्रेम में
या कभी रोने लगें
इच्छाशक्ति चिड़ियों सी
आकाश में भरें ऊँची उड़ानें
कभी बालकनी में आकर चहचहानें लगें
न कोई नियमों का बंधन हो
न किसी भेद का डर
जबसे प्रेम को जाना
कोई ईश्वरीय शक्ति मनप्राण में
बस गयी
जीवन में सच्चे प्रेम को पाना
मुश्किल तो है
पर नेकनीयत से मिल ही जाता है !!

तुम आओगे
जब कभी तुम आओगे
तब दिखाउंगी तुम्हें
वे सब चीजें
जिन में खोजती थी तुम्हें
वे रातें तो वापस नही आ सकती
लेकिन उनकी यादें
जो मैंने सहेज रक्खी हैं
तकिये के गीलेपन में
बिस्तर की चादर पर
बदलता है सबकुछ धीरे से
हो जाता आडम्बर हीन और आदिम
मेरा घने जंगल में
तब्दील हो जाने से पहले
आ जाओ तुम
एक बार !!


ओ बदरा
ओ मतवारे बदरा
जब तुम आओगे
गुनगुनाते
झूमते
चले आओगे
हिमालय से निकलती झीलों से
संचित जल भरकर
सूरज से तपाई धरती पर
वो शीतल शीतल जल बरसाओगे
तब देखना फूल खिलखिला देंगे
कलियाँ मुस्कुरा देंगी
पशु पक्षी
खुश होंगे
पेड़ पौधे
हरिया जायेंगे
सुगन्धित मधुर वयार बहने लगेगी
सूना सूना सा पड़ा घर आँगन
खुशियों से भर कर चहक उठेगा
ओ पागल बदरा
ओ आवारा बदरा
जब तुम घिर घिर आओगे
बिजुरी चमकाओगे
गरज गरज के
घुमड़ घुमड़ के
काले काले अम्बर से
पानी बरसाओगे
तब मेरा मन
ख़ुशी से झूम उठेगा
मैं अपनी बाहें फैलाकर
उस पावन जल से
अपनी पवित्र आत्मा तक
खुद को भिगो लुंगी
आसमान में टिकी
व्याकुल सी गड़ी नजरें
तुम्हें देख तृप्त हो
ख़ुशी से चमक उठेंगी
टूट जायेगा अधरों का मौन
एक नया राग गुनगुना उठूंगी
ओ बदरा
ओ मेरे प्यारे बदरा
तुम आओगे
जब तुम घिर घिर आओगे !

परिचय

कविता कहानी के क्षेत्र में सीमा असीम सक्सेना का एक जाना पहचाना नाम है ! इनकी अभी तक दो कहानी संग्रह व दो कविता संग्रह प्रकाशित हो चुके हैं ! इनकी कहानियां कवितायेँ कथादेश, परिकथा, कथाक्रम अमर उजाला, दैनिक जागरण आदि में प्रकाशित हुई हैं, इसके साथ ही दूरदर्शन आकाशवाणी व सेमिनार में भी समय समय पर अपने कार्यक्रम, वार्ता आदि देती रहती हैं!
सीमा असीम सक्सेना
0945606469
Seema4094@gmail.com

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