370010869858007
नीचे टैक्स्ट बॉक्स से रचनाएँ अथवा रचनाकार खोजें -
 नाका संपर्क : rachanakar@gmail.com अधिक जानकारी यहाँ [लिंक] देखें.

****

Loading...

जियो पुराण // डॉ. मधु संधु


वर्ष 2016-17 में एक नई क्रान्ति ने जन्म लिया। 4 जी तकनीक और जियो नेटवर्क का ज़माना आ गया। मुकेश अंबानी की उत्कट इच्छा शक्ति, उनकी  60,000 युवाओं की कम्पनी, डेढ लाख करोड़ में लगे 2,50,000 किलो मीटर में टावर और आप्टिकल फाइवर इसके मूल में हैं। जियो के करिश्मे ने पूरे देशवासियों को मोबाइल के वित्तीय संकट से मुक्त कर दिया, एक बार चार्ज करो तो तीन महीने की टेंशन खत्म।

आज छोटे-बड़े, बच्चे-बूढ़े, क्लर्क-अफसर, नौकर-मालिक सब नेटवर्क में डूबे हैं। खुल जा सिम-सिम का खेल है। कोई फेसबुक के लाईक्स गिनता है, कोई इन्स्टाग्राम में अपने करिश्मे डालता है, कोई वर्जित- अवर्जित क्षेत्रों में तांक-झांक करता है। हर तरफ मज़े ही मज़े हैं। सोते में नींद खुलती है तो अपनी पोस्ट के लाईक्स और कोमेंट्स गिने जाते हैं और मित्रों की नई पोस्टों पर भेजे भी जाते हैं।

कलाकार अपने कौशल दिखा रहे हैं। 75- 80 की वृद्धाएं भी आचार- मुरब्बे अपलोड करके वायरल हो रही हैं। यह इन्फो ऐड क्या है भाई ? घरेलू लंच- डिनर के ऐड भी दिख रहे हैं। विंडो शॉपिंग की जगह ऑन लाइन शॉपिंग ने ले ली है। गाने- भजन, चुटकले, कवि दरबार सभी का बाज़ार गर्म है।

साहित्यकार प्रकाशकों, संपादकों के दबाव से मुक्त हो गया है। ब्लॉग, फेसबुक या दूसरी साहित्यिक साइट्स पर कृतियाँ पेस्ट और पोस्ट करने लगा है- साथ में ब्यूटी ऐप से परिष्कृत किए चित्र भी। सुबह साफ किया मेल बॉक्स शाम तक उबलाने- उफनाने लगता है।

बच्चे मोबाइल के बिना खाना नहीं खाते। उनकी बुद्धि, विचार शक्ति सचमुच कुलांचे भरने लगी है। किसी भी समस्या पर किसी की भी सलाह, जानकारी की कोई जरूरत नहीं। गूगल गुरु से बढ़कर कोई है ही नहीं और श्री मान आपके घर में, हाथ में मौजूद हैं- कठपुतली की तरह हर समय नृत्य को प्रस्तुत।

[post_ads]

आज सबके पास अपने- अपने एण्ड्रोयड मोबाइल हैं। नींद खुलते ही मिक्स्ड ब्रीड के कंप्यूटराइज्ड पुष्प-गुच्छ शुभ प्रभात कहते हुये फेसबुक से मुस्करा- मुस्करा कर आपका अभिनंदन करते हैं। बच्चे स्कूल से घर पहुँचते ही खाना- वाना, पानी- वाणी नहीं मांगते। सीधे मोबाइल पर झपटते हैं। अब स्कूल डायरी में होम वर्क या दूसरी सूचनाएँ नहीं मिलती। हर बच्चे को पास-वर्ड एलाट होता है और नेट से ही मोबाइल पर होम वर्क आता है। बच्चे स्कूल का काम इसी शर्त पर फटाफट निपटा लेते हैं कि इसके बाद मोबाइल मिलेगा। माँ डांटती है और फिर स्वयं मोबाइल लेकर बैठ जाती है। पिता मोबाइल से आंखें उठा ज़रा सा घूर देते हैं। मोबाइल हाथ में आने पर किसी को भी दीन- दुनिया की खबर नहीं रहती।

गृह स्वामी के पास खाना खाने की एकाग्रता भी नहीं बची। दाल की कटोरी थाली में ही पड़ी होगी और वह पानी में भिगो-भिगो कर चपाती निगलता जाएगा। भले ही फीकेपन का अहसास होता रहे। गृह स्वामिनी को भी पड़ोसिन बेकार लगने लगी है। न वह छज्जे पर आती है, न गली में। चुगली-चगारी का मौसम खत्म। जीवन साथी हो तो जियो नेटवर्क जैसा।

चिड़िया, गौरैया, कबूतर, तोते, बुलबुल, कौवा इस नश्वर जगत से उठकर नेट के अमर वादियों का भाग बन गए हैं। जब से दूध की डेयरियों का शहरों से निष्कासन हुआ है- बच्चों को गाय, भैंस, बछड़ा, बैल- सब की पहचान नेट ही करवाता है।

हर बीमारी का इलाज, हर तरह की कसरतें, योग, टोटके, हर दर्द से राहत- यहाँ निशुल्क मिलती है। बस आप स्वस्थ रहें, मस्त रहें। कोई बातूनी नही रहा- सब चेटिंग करते हैं। कोई चापलूस नहीं रहा- सब लाइक करते हैं। कोई वाद-विवाद में नहीं पड़ता- सब मेडिटेशन में हैं। बड़ी से बड़ी दुर्घटना किसी को भावुक नहीं बना सकती- सब टेकनिशियन, वीडियो ग्राफर, प्रैस रेपोर्टर हैं।

[post_ads_2]

शादी हो या जन्म दिन या कोई और आयोजन- न्यौते देना अतीत की बात हो रही है। व्हाट्स ऐप ज़िंदाबाद। चिरनिद्रा में सोये- खोये हमारे नेतागण भी- टिवीटर के हैश टैग से सुगबुगा रहे हैं। कहीं भी भीड़ जुटाने के लिए व्हाट्स ऐप है। अब नेतागण वोट मांगने के लिए घर- घर जा वोटरों के दरवाजे नहीं खटखटाते। अपने ए. सी. कक्ष से सीधे वोटर की आरामगाह में दाखिल हो उसके हाथ में पकड़े मोबाइल पर लिखित या सस्वर निवेदन करते हैं। ट्विट्टर, कमेंट में एक नया शब्दकोश जन्म ले रहा है।

जियो की महिमा अपरम्पार है। जियो ने शेर और बकरी को एक ही घाट में पानी पिला दिया है। यह दुनियावी इश्क से ऊपर है। सच्चा, टिकाऊ और हरफन मौला दोस्त है। जियो ने स्थायी आनंद दिया है। हम सब का भूमंडलीकरण कर दिया है। जियो भईया, एक प्रार्थना है- देश का विद्युत विभाग भी गोद ले लो। बहुत परेशान कर रहा है।

madhu_sd19@yahoo.co.in

व्यंग्य 1950142356162331492

एक टिप्पणी भेजें

रचनाओं पर आपकी बेबाक समीक्षा व अमूल्य टिप्पणियों के लिए आपका हार्दिक धन्यवाद.

स्पैम टिप्पणियों (वायरस डाउनलोडर युक्त कड़ियों वाले) की रोकथाम हेतु टिप्पणियों का मॉडरेशन लागू है. अतः आपकी टिप्पणियों को यहाँ प्रकट होने में कुछ समय लग सकता है.

emo-but-icon

मुख्यपृष्ठ item

कुछ और दिलचस्प रचनाएँ

फ़ेसबुक में पसंद करें

---प्रायोजक---

---***---

ब्लॉग आर्काइव