370010869858007
Loading...
item-thumbnail

संस्मरण लेखन पुरस्कार आयोजन - प्रविष्टि क्र. 13 : संस्मरण - कुछ यारों के ! कुछ दुश्मनों के !! यशवंत कोठारी

प्रविष्टि क्र 13 संस्मरण – कुछ यारों के ! कुछ दुश्मनों के !! यशवंत कोठारी मैं फिर खतरा उठा रहा हूँ, याने संस्मरण लिखने की ठानी है. लिखना त...

item-thumbnail

माह की कविताएँ

सुशील शर्मा दोहे बन गए दीप -14 बापू पर दोहे बापू का अवसान था ,भारत पर आघात। व्यथित ह्रदय सबके हुए ,नयनों से बरसात। राम राजका स्वप्न थ...

item-thumbnail

मुक्तिबोध की कविता - 2 // शेषनाथ प्रसाद श्रीवास्तव

(गत भाष्यालोचन का शेषांश) ‘अँधेरे में’ कविता का नायक कोई अन्य नायक नहीं वरन् मुक्तिबोध स्वयं हैं. मुझे लगता है कि इस कविता में वह जिस कमरे ...

item-thumbnail

कहानी // नीम की पीड़ा // सर्वेश कुमार मारुत

नाली के बगल में यह मासूम पैदा हुआ था। मां का कहीं अता-पता नहीं था। मुझे लगता लगता था इसे किसी पक्षी की बीट के द्वारा त्यागा गया होगा। अभी-अ...

item-thumbnail

भूमंडली-करण और गांधी // डॉ. सुरेन्द्र वर्मा

गांधी निर्वाण दिवस 30 जनवरी पर विशेष आलेख आज हम विकास के उस पायदान पर खड़े हैं जहां भूमंडलीकरण की प्रक्रिया को पलटा नहीं जा सकता। ऐसे में यह ...

item-thumbnail

राष्ट्रीय एकता और युवा संघर्ष // सुशील शर्मा

युवाओं के प्रज्वलित मस्तिष्क भारत की सबसे अमूल्य संपत्ति हैं। ये युवा विकास के गीत गाएंगे और देश को समग्र विकास की ओर अग्रसर करेंगे। मेरा मा...

मुख्यपृष्ठ archive

कुछ और दिलचस्प रचनाएँ

फ़ेसबुक में पसंद करें

---प्रायोजक---

---***---

ब्लॉग आर्काइव