शुक्रवार, 23 नवंबर 2012

राम कृष्ण खुराना की हास्य कविता - सच्चा प्यार

सच्चा प्यार

राम कृष्ण खुराना

मैं सुनाने जा रहा हूँ,

आपको एक कहानी मज़ेदार !

एक पति-पत्नी में था बहुत प्यार !

कभी वे लड़ते,

कभी वे झगड़ते,

कभी मान-मनुवल करते,

फिर भी आपस में करते थे

वे सच्चा प्यार !

 

एक दिन अचानक किसी बात पर

दोनों के बीच हो गयी तकरार !

एक दूसरे की बात गुजरी

दोनों को नागवार !

उन के बीच बोलचाल हो गयी बंद !

दोनों ही अपने को समझते थे

ज्यादा अकलमंद !

समय बीतता गया परन्तु

दोनों अपनी जिद पर अड़े रहे,

पहले कौन बोले यही सोच कर

चुप पड़े रहे !

 

इस तरह से दोनों को बिना

एक दूसरे से बात किये

बीत गए सात साल !

आप कहेंगे कि इसमें क्या है

मज़ेदार बात !

यह तो है घर घर का हाल !

परन्तु यह सुनकर

हैरान हो जायेंगे आप !

सात साल तक दोनों की

बोलचाल रही बंद !

मगर वे करते थे

एक दूसरे से सच्चा प्यार !

 

इस चुप्पा-चुप्पी में

बिना एक दूसरे से बोले

सात सालों में वे दोनों

बन गए तीन बच्चों

के माँ-बाप !

 

राम कृष्ण खुराना

लुधियाना (पंजाब)

 

khuranarkk@yahoo.in

3 blogger-facebook:

  1. आदरनीय खुराना जी बढ़िया हास्य कविता पर हार्दिक बधाई

    उत्तर देंहटाएं
  2. AGAR BAATCHEET HOTI TO UNKAA PYAAR JHOOTHA HO JATA

    उत्तर देंहटाएं
    उत्तर
    1. बिलकुल ठीक कहा आपने ! आपकी प्रतिक्रिया के लिए आभार
      खुराना

      हटाएं

रचनाओं पर आपकी बेबाक समीक्षा व अमूल्य टिप्पणियों के लिए आपका हार्दिक धन्यवाद.

स्पैम टिप्पणियों (वायरस डाउनलोडर युक्त कड़ियों वाले) की रोकथाम हेतु टिप्पणियों का मॉडरेशन लागू है. अतः आपकी टिप्पणियों को यहाँ प्रकट होने में कुछ समय लग सकता है.

----

1.5 लाख गूगल+ अनुसरणकर्ता, 1500 से अधिक सदस्य

/ 2,500 से अधिक नियमित ग्राहक
/ प्रतिमाह 10,00,000(दस लाख) से अधिक पाठक
/ 10,000 से अधिक हर विधा की साहित्यिक रचनाएँ प्रकाशित
/ आप भी अपनी रचनाओं को विशाल पाठक वर्ग का नया विस्तार दें, आज ही नाका से जुड़ें. नाका में प्रकाशनार्थ रचनाओं का स्वागत है.अपनी रचनाएँ rachanakar@gmail.com पर ईमेल करें. अधिक जानकारी के लिए यह लिंक देखें - http://www.rachanakar.org/2005/09/blog-post_28.html

विश्व की पहली, यूनिकोडित हिंदी की सर्वाधिक प्रसारित, समृद्ध व लोकप्रिय ई-पत्रिका - नाका

मनपसंद रचनाएँ खोजकर पढ़ें
गूगल प्ले स्टोर से रचनाकार ऐप्प https://play.google.com/store/apps/details?id=com.rachanakar.org इंस्टाल करें. image

--------