संस्मरण लेखन पुरस्कार आयोजन - प्रविष्टि क्र. 1 : हेलसिंकी टू स्टॉकहोम , एक यात्रा क्रूज़ से // सारिका भूषण

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प्रविष्टि क्र. 1

हेलसिंकी टू स्टॉकहोम , एक यात्रा क्रूज़ से

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यात्राएं हमारे जीवन में गति देती है , ऊर्जा देती है और कुछ ऐसे अनुभव देती हैं , जो हमें एक सकारात्मकता के साथ जीवित रखती है । मैं शादी के पहले यात्रा करना कुछ खास पसंद नहीं करती थी । पर शादी के बाद बहुत सारे बदलाव आते हैं । उन्हीं बदलावों में एक था ...यात्रा करना ! मेरे पति देश - विदेश घूमने के बहुत शौक़ीन हैं और हर वर्ष एक या दो बार हम अपने बच्चों के साथ किसी नए स्थान पर घूमने ज़रूर जाते हैं ।

बात 2009 के दशहरे की छुट्टियों की है , जब मैं अपने पति और दोनों छोटे बच्चों के साथ फ़िनलैंड की राजधानी हेलसिंकी पंद्रह दिनों के लिए गई थी । मेरी छोटी बहन उन दिनों हेलसिंकी में ही रहती थी । हमारी यह पहली विदेश यात्रा थी , इसलिए हम सभी काफी उत्साहित थे । सात घंटों की हवाई यात्रा के बाद हम नई दिल्ली से हेलसिंकी पहुंचे । यूरोप के बारे में बहुत कुछ सुनी थी मगर वहां जाकर घूमने की बात ही कुछ और है । एक सप्ताह हेलसिंकी और उसके आस पास के इलाके घूमने के बाद हम क्रूज़ से स्वीडन की राजधानी स्टॉकहोम की ओर निकल पड़े ।फिनिश समयानुसार शाम के 5 बजे हमारी यात्रा शुरू हुई और अगले दिन सुबह 9.30 बजे स्वीडिश समय से हम स्टॉकहोम पहुंच गए । साढ़े बारह घंटों की यह यात्रा मैं कभी भूल नहीं सकती ।

हमारे लिए क्रूज़ पर चढ़ने का पहला मौका था ।एक नई चकाचौंध भरी छोटी सी दुनिया , वहां के लोग , परियों सी सुंदर लड़कियां , अप्सराओं सा उनका नृत्य , कई ब्रांडेड दूकानें , रेस्तरां , स्विमिंग पूल , स्पा ...सब कुछ तो था ,मानो किसी परीलोक  की सैर हो रही हो ! वाकई पलकें भी झुकने की मानो इजाज़त मांग रही थी । समय कैसे बीतते जा रहे था पता ही नहीं चल रहा था । उन खुबसूरत लमहिं को कैद करने का एकमात्र सहारा हमारा कैमरा था । 13 मंजिलों के इस जहाज पर कभी हम डेक पर जाते तो कभी अलग - अलग जोन में ...जैसे गेम्स जोन , किड्स जोन , शॉपिंग जोन , रेस्टॉरेंट जोन ...और न जाने क्या ...क्या । बस हम खुले पंछियों की तरह विचरण कर रहे थे । हमारा केबिन भी बहुत सुंदर और सारी सुविधाओं से लैस था ।

क्रूज में बीयर से ज़्यादा महंगा पानी था । खाने और बाकी वस्तुओं के दाम भी देखने और सोचने लायक थे । क्योंकि मैं तो पूरे समय यूरो को रुपये में बदलकर सोचते रहती थी । में अपनी बहन को दिल से शुक्रिया दे रही थी जो खाने - पीने की ढेर सारा समान हमारे बैग में रख दी थी ।

फ़िनलैंड द्वीपों का देश माना जाता है । और स्टॉकहोम तक की समुद्री यात्रा कई द्वीपों के बगल से   होकर गुज़रती थी , जिसके नज़ारें देखने लायक थे । हमारा जहाज छोटे - छोटे द्वीपों के बगल से सर्प की तरह घूमते हुए चल रहा था , जो काफी रोमांचक था ।

मेरी बेटी 9 वर्ष की और बेटा 5 वर्ष का था । वहां के लोग बच्चों को बहुत प्यार करते हैं ।शाम में क्रूज़ में किड्स ज़ोन में बच्चों के कुछ कार्यक्रम हो रहे थे । मेरी बेटी पेंटिंग सीखा करती थी , वह एक पेंटिंग बना कर वहां के बोर्ड पर क्लिप कर दी , जहाँ दूसरे कई देशों के बच्चों की पेंटिंग्स क्लिप की हुई थी । फिर हम घूमते हुए , वहां के पारंपरिक नृत्य देखकर अपने केबिन में आ गए।

अगली सुबह जब कुछ घंटे ही बचे थे हमें स्टॉकहोम पहुंचने के लिए हम अपनी केबिन से निकलकर क्रूज़ के मेन एरिया में पहुँच गए थे । तभी मेरी नज़र किड्स ज़ोन के बोर्ड पर पड़ी , जहाँ मेरी बेटी की पेंटिंग विजेताओं की जगह पर लगी हुई थी और बगल में उसका नाम और इंडिया लिखा था । मेरी ख़ुशी का ठिकाना न रहा । सच बताऊँ मुझे इंडिया लिखा होने पर ज़्यादा ख़ुशी हो रही थी । उधर फोटो गैलरी के" मोस्ट फोटोजेनिक फेस " में बेटे की बड़ी तस्वीर  देखकर ख़ुशी दुगुनी हो गयी थी । मेरे लिए यह काफी रोमांच भरा पल था । वहां की यादों को अपने कैमरे में कैद करते जा रही थी , पर यकीन मानिए यह एक मधुर स्वप्न की भांति ज़हन में उतरते जा रही थी ।

इसके बाद मैंने कई विदेश यात्राएं की , मगर यह यात्रा मुझे सबसे ज्यादा रोमांचित करती है और मुझे गुदगुदा देती है ।

सारिका भूषण

संक्षिप्त परिचय

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नाम -      सारिका भूषण

कवयित्री एवं लेखिका

जन्म -      15.04.1976

शिक्षा - विज्ञान स्नातक

प्रकाशित काव्यसंग्रह ----  " माँ और अन्य कविताएं " 2015

साझा संग्रहें                          

" नवरस नवरंग "  काव्य संग्रह 2013

"कविता अनवरत " (अयन प्रकाशन ) 2017

" लघुकथा अनवरत " ( अयन प्रकाशन ) 2017 में

" समकालीन हिंदी कविताएं " (सृजनलोक प्रकाशन)काव्य संग्रह 2017

" कथादेश" , "कादम्बिनी " , " गृहशोभा" , " सेवा सुरभि " , " ब्रह्मर्षि समाज दर्शन "  आदि कई प्रतिष्ठित पत्र पत्रिकाओं में प्रकाशित होती रचनाएँ

आकाशवाणी एवं दूरदर्शन रांची से समय समय पर प्रसारित होती कविताएँ , कहानियाँ व नाटक

राष्ट्रीय महिला काव्य मंच , झारखंड इकाई की राज्य अध्यक्ष

'झारखंड हिंदी साहित्य संस्कृति मंच 'की कोषाध्यक्ष एवं मंच की काव्यात्मक गतिविधियों में निरंतर सक्रियता

" नव सृजन साहित्य सम्मान 2017 " से सम्मानित

" शिक्षा साहित्य सेवा सम्मान 2017 " से सम्मानित

'मगसम , नई दिल्ली ' द्वारा " रचना शतकवीर सम्मान "

"अखिल भारतीय लघुकथा प्रतियोगिता " में नवां स्थान प्राप्त

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